सुप्रीम कोर्ट में नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) को चुनौती देने वाली दलीलों की सुनवाई से पहले महिलाओं के एक समूह ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट के बाहर नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA) और नेशनल रजिस्टर ऑफ़ सिटिज़न्स (NRC) के विरोध में धरना दे दिया।

Scroll के अनुसार मंगलवार रात 20-25 महिलाओं ने CAA-NRC विरोधी पोस्टर्स लेकर सुप्रीम कोर्ट के बाहर धरना प्रदर्शन किया। ये सभी महिलाएं दिल्ली के रानी बाग़ इलाक़े की थीं और ‘पिंजरा तोड़’ एक्टिविस्ट ग्रुप से सम्बद्ध थीं।

‘पिंजरा तोड़’ ग्रुप ने घटना के बारे में टवीट करते हुए कहा कि CAA पर फैसले की उम्मीद में रानी गार्डन क्षेत्र की लगभग 50 महिलाओं ने सुप्रीम कोर्ट तक मार्च किया। वो सभी भगवान रोड पर गेट के सामने बैठी थीं तभी पुलिस ने आकर उन्हें तितर-बितर किया और एक व्यक्ति को पुलिस ने हिरासत में लिया है।

यह विरोध प्रदर्शन सुप्रीम कोर्ट द्वारा CAA की संवैधानिक वैधता की जांच करने की मांग वाली 144 याचिकाओं पर सुनवाई से एक दिन पहले हुआ है। CJI एस.ए. बोबडे, जस्टिस अब्दुल नजीर, जस्टिस संजीव खन्ना की बेंच इन याचिकाओं पर बुधवार को सुनवाई करेगी।

CAA-NRC और NPR के विरोध में दिल्ली के शाहीन बाग में एक महीने से भी ज्यादा वक़्त से विरोध प्रदर्शन जारी है। शाहीन बाग़ के प्रदर्शनकारियों का कहना है कि दुनिया की कोई भी ताकत उन्हें यहां से नहीं हटा सकती।