उत्तर प्रदेश में अपराधियों के खिलाफ हुए एनकाउंटर पर उठ रहे सवालों के बीच राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर में पुलिस ने एप्पल के एरिया सेल्स मैनेजर विवेक तिवारी को संदिग्ध समझकर गोली मार दी. बाद में युवक ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया. पुलिस के मुताबिक, देर रात संदिग्ध लगने पर कार सवार युवक को सिपाही प्रशांत चौधरी ने रोकने का प्रयास किया।

ABP न्यूज़ की खबर के अनुसार विवेक ने रुकने की बजाय कार कथित तौर पर पुलिसकर्मी की मोटरसाइकिल पर चढ़ा दी. जिसके बाद सिपाही ने गोली चलाई. घायल विवेक को लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी मौत हो गई. घटना देर रात करीब 12 बजे की है।

लखनऊ के एसएसपी कलानिधि नैथानी ने कहा, ”गोमतीनगर विस्तार के पास इनकी गाड़ी खड़ी थी तभी सामने से दो पुलिसवाले आए. इन्होंने निकलने की कोशिश की और फिर पुलिस ने रोकने की कोशिश की तो अचानक लगा की गोली चली है. अचानक गाड़ी एक खंभे से टकरा गई. उसके बाद विवेक के सर से खून बहने लगा. उसके बाद अस्पताल ले जाया गया. जहां उसकी मौत हो गई. मौत हादसे में हुई है या गोली से हुई है इसकी जांच की जा रही है।”

बताया जा रहा है कि विवेक आईफोन की लॉन्चिंग करके लौट रहे थे। रास्ते में पुलिस ने उन्हें गाड़ी रोकने का इशारा किया तो बात बढ़ गई और कॉन्स्टेबल प्रशांत चौधरी ने विवेक पर गोली चला दी। एसएसपी लखनऊ के मुताबिक आरोपी कॉन्स्टेबल को गिरफ्तार कर लिया गया है।

सुल्तानपुर के रहने वाले विवेक तिवारी एपल कंपनी में एरिया मैनेजर के पद कार्यरत थे. घर में उनकी पत्नी और दो बेटियां हैं. इस बीच विवेक तिवारी की सहयोगी सना को पुलिस ने मीडिया से दूरी बनाए रखने के लिए नजरबंद कर दिया है. जिसके बाद पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं. सना सिपाही द्वारा युवक को गोली मारने में आई-विटनेस है. उन्हें गोमतीनगर के विनयखंड 3 स्थित उनके घर में पुलिस ने नजरबंद किया है. सना विवेक के साथ कार में मौजूद थी।