अमरीका के टेक्सास डिटेंशन सेंटर में क़ैद 6 लोगों को जिनमें भारतीय भी शामिल हैं, भूख हड़ताल करने के बाद अधिकारियों द्वारा ज़बरदस्ती नली लगाकर नाक से लिक्विड खाने दिए जाने पर अमरीका में बवाल हो गया है।

The Guardian के अनुसार इस डिटेंशन सेंटर में पकडे गए 30 लोग हैं जिनमें भारतीय और क्यूबा के नागरिक हैं, इनमें से 6 लोगों ने पिछले महीने से खाने से इंकार कर दिया था, और भूख हड़ताल कर दी थी, उनका कहना है कि उन्होंने सुरक्षा गार्डों के दुर्व्यवहार और धमकियों के विरोध में भोजन करना बंद कर था।

केलिफोर्निया में रह रहे अमृत सिंह के दो भतीजे इस डिटेंशन सेंटर में एक माह से बंद हैं, उनका कहना है कि उन्हें ज़बरदस्ती नाक से भोजन दिए जाने के कारण नाक से रक्त स्त्राव हो रहा है और उल्टियां हो रही हैं।

अमरीका के इस डिटेंशन सेंटर में की गयी ये भूख हड़ताल हाई प्रोफाइल है, वहां भूख हड़ताल अचरज भरी बात है इसलिए लिए ये मीडिया में और सुर्ख़ियों में है, मिशिगन की एक वकील रूबी कौर ने भूख हड़ताल करने वालों में से एक का प्रतिनिधित्व करते हुए कहा कि उसके क्लायंट को बिना खाना या पानी पिए तीन सप्ताह से अधिक समय के बाद अचानक से नाक में नली लगाकर खाना दिया गया।

कौर ने कहा, “वो लोग परेशान होकर भूख हड़ताल करते हैं, तो उन्हें एकांत कारावास में डाल दिया जाता है और फिर इमिग्रेशन अधिकारी उन्हें ये कहकर मानसिक रूप से भी प्रताड़ित करते हैं कि “तुम्हें पंजाब वापस भेज देंगे।”

डिटेंशन सेंटर में रखे गए इन लोगों के साथ हुए दुर्व्यवहार के खिलाफ भारतीय अमरीकियों में ट्रम्प की आब्रजन नीतियों के प्रति नाराज़गी है, वहीँ डेटशन सेंटर में इन लोगों को ज़बरदस्ती नाक से लिक्विड खाना दिए जाने पर डिटेंशन सेंटर के अधिकारीयों की ये दलील है कि उन्हें इन लोगों की जान और सेहत की चिंता थी।