ऑस्ट्रेलिया में इस्लामॉफ़ोबिक हमला, एक गर्भवती मुस्लिम महिला के साथ गंभीर मारपीट।

ऑस्ट्रेलिया के सिडनी के एक रेस्टोरेंट में एक हिजाब पहने गर्भवती मुस्लिम महिला के साथ एक व्यक्ति द्वारा मुस्लिम विरोधी टिप्पणियां करने के बाद मारपीट की गई है, हमले के बाद पीड़िता को अस्पताल में भर्ती कराया गया है तथा आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है।

CNN के अनुसार घटना 20 नवम्बर की है जब हिजाब पहने 31 वर्षीय गर्भवती मुस्लिम महिला राना हैदर अपनी मित्रों के साथ एक रेस्टोरेंट में नाश्ता कर रही थी, CCTV फुटेज में नज़र आ रहा है कि तभी एक व्यक्ति उनकी टेबल पर आया कुछ बातें करते हुए झुक कर राना हैदर पर हमला कर दिया और उसे घूंसों से पीटने लगा।

पुलिस के अनुसार हमलावर ने राना हैदर के सर पर कई घूंसे मारे और जब वो गिर गयी तो उसके सर पर भी लातें मारीं, फुटेज में नज़र आता है कि रेस्टोरेंट में बैठे लोगों ने तुरंत ही उस हमलावर को काबू में किया।

43 वर्षीय हमलावर पर अपराधिक धाराओं के तहत केस दर्ज कर लिया गया है और राना हैदर को प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल ले जाय गया, राना हैदर का कहना है कि हमलावर ने हमले से पहले मुस्लिम विरोधी शब्द कहे थे, वो नफरत में अँधा हो रहा था, न तो वो मुझे जानता था ना ही मैं उसको। ऑस्ट्रेलिया में पहले भी ज़बानी धार्मिक हमले होते रहे हैं मगर इस तरह से शारीरिक हमला दुखद और गंभीर है।

राना हैदर ने रेस्टोरेंट में हुए हमले से बचाने वाले उन सभी लोगों का शुक्रिया अदा करते हुए अपनी फेसबुक टाइम लाइन पर पोस्ट शेयर की, उन्होंने पोस्ट में लिखा कि “उन सभी लोगों का शुक्रिया जिन्होंने मुझे हमले से बचाया, मैं उम्मीद करती हूँ कि लोग इसी तरह से भविष्य में भी इस तरह के हमलों के खिलाफ बोलेंगे और खड़े होंगे।”

“मैं नहीं चाहती कि आगे किसी के साथ ऎसी वारदात हो, मैं ऐसी दुनिया देखना चाहती हूँ जहाँ लोग ऐसे कायराना हमलों से एक दूसरे की हिफाज़त करें, मैं चाहती हूँ कि ऐसे हमलों के खिलाफ लोग एकजुट हो जाएँ, हमें खामोश नहीं रहना चाहिए।”

जैसे ही ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वैश्विक मीडिया में इसकी निंदा होने लगी, ऑस्ट्रेलियन नेशनल इमाम कॉउन्सिल ने कहा है कि वो इस घटना से हतप्रभ हैं, कौंसिल ने सरकार से कहा कि इस्लामोफोबिया एक गंभीर खतरा है इससे नागरिकों की हिफाज़त करना सरकार का कर्तव्य है।

साथ ही न्यू साउथ वेल्स ग्रीन सीनेटर और ऑस्ट्रेलिया संसद में पहुँचने वाली पहली मुस्लिम महिला मेहरीन फ़ारूक़ी ने इसे कुत्सित हमला बताते हुए टवीट कर कहा है कि हमें समाज को हिंसा और नफरत रहित रखने के लिए सोचना होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Close